चंडीगढ़, 27 अगस्त (कुलदीप सैनी)। हरियाणा के विकास एवं पंचायत तथा खनन मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने मेघवाल शब्द को लेकर चल रही चर्चाओं पर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस संबंध में कोई घोषणा नहीं की है। उन्होंने कहा कि मेघवाल समाज की ओर से मांग-पत्र में चमार जाति के लोगों द्वारा ‘मेघवाल’ शब्द अपनाने और अनुसूचित जाति के स्थान पर ‘मेघवाल’ शब्द के प्रयोग की मांग रखी गई थी।
कृष्ण लाल पंवार ने चंडीगढ़ स्थित अपने आवास पर प्रेस वार्ता में बताया कि मुख्यमंत्री को मेघवाल उत्थान समिति की ओर से मांग-पत्र सौंपा गया था। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया था कि यह विषय उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर है और इस संबंध में निर्णय केंद्र सरकार द्वारा लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि कुछ लोगों द्वारा यह प्रचार किया जा रहा है कि मुख्यमंत्री ने मेघवाल शब्द को लेकर कोई घोषणा की है, जबकि ऐसा नहीं है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी चमार समाज, मेघवाल समाज सहित सभी समाजों का सम्मान करते हैं और सभी के उत्थान के लिए कार्य कर रहे हैं।
2027 में मनाया जाएगा गुरु रविदास जी का 650वां प्रकाश पर्व
कृष्ण लाल पंवार ने बताया कि हरियाणा सरकार ने संत शिरोमणि गुरु रविदास जी के 650वें प्रकाश पर्व की तैयारियां शुरू कर दी हैं। उन्होंने बताया कि 29 जुलाई को हरियाणा का प्रतिनिधिमंडल वाराणसी पहुंचा था और गुरु रविदास जी की जन्मस्थली की पावन मिट्टी से सुशोभित कलश प्राप्त किया गया।
30 जुलाई को यह पावन कलश यात्रा गुरुग्राम के सिरहौल बॉर्डर पहुंची, जहां स्वागत के बाद इसे श्री शीतला माता मंदिर में स्थापित किया गया। 4 अगस्त को पावन मिट्टी हरियाणा के सभी 27 संगठनात्मक जिलों के जिला अध्यक्षों और सामाजिक प्रतिनिधियों को प्रदान की गई। इसके बाद पावन मिट्टी को गांव-गांव तक यात्रा के माध्यम से पहुंचाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2027 में गुरु रविदास जी का 650वां प्रकाश पर्व पूरे हरियाणा में भव्य और गरिमामय ढंग से मनाया जाएगा। इसके लिए राज्य सरकार उच्च स्तरीय समिति का गठन करेगी। साथ ही ‘समरसता संकल्प अभियान’ के माध्यम से गुरु रविदास जी के समरसता, समानता, सामाजिक न्याय और मानव कल्याण के संदेश को जन-जन तक पहुंचाया जाएगा।
कांग्रेस के प्रदर्शन पर पंवार ने साधा निशाना
कांग्रेस द्वारा विधानसभा में काले कपड़े पहनकर किए गए प्रदर्शन पर कृष्ण लाल पंवार ने कहा कि विपक्ष को विरोध-प्रदर्शन के बजाय प्रदेश और जनता के हित में सकारात्मक सुझाव देने चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है और विधानसभा की गरिमा तथा स्पीकर के निर्णय का सभी सदस्यों को सम्मान करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस विधायक जरनैल सिंह वर्ष 1984 के दंगों का विरोध कर रहे थे। इसी दौरान कांग्रेस के एक विधायक द्वारा उनका कागज फाड़कर फेंक दिया गया। पंवार ने कहा कि यह केवल कागज नहीं था, बल्कि देश और समाज की भावनाओं से जुड़ा संवेदनशील विषय था। ऐसे मामलों में सभी राजनीतिक दलों को समाज की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
विधानसभा घटनाक्रम पर भी बोले कृष्ण लाल पंवार
विधानसभा परिसर में हुए घटनाक्रम को लेकर पंवार ने कहा कि सदन में स्पीकर का फैसला मान्य होता है और सभी सदस्यों को उसका सम्मान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सामने आई वीडियो में नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा पुलिस कर्मचारियों के साथ कथित तौर पर बदतमीजी करते दिखाई दे रहे हैं।
उन्होंने विपक्ष से लोकतांत्रिक मर्यादा बनाए रखते हुए अपनी बात रखने की अपील की। पंवार ने कहा कि सरकार प्रदेश के विकास और जनता से जुड़े सभी मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा के लिए तैयार है।
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